पाठ का सारांश
यह पाठ कर्नाटक में स्थित ऐतिहासिक स्थल ‘हंपी’ और मध्यकालीन विजयनगर साम्राज्य के वैभवशाली इतिहास पर आधारित है।
- परिचय और ऐतिहासिक महत्त्व
हंपी, मध्यकालीन हिंदू साम्राज्य विजयनगर की राजधानी था। कर्नाटक के बेल्लारी जिले में स्थित यह नगर अपनी अतुलनीय वास्तुकला और समृद्धि के लिए प्रसिद्ध था। इसकी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्ता को देखते हुए यूनेस्को (UNESCO) ने इसे ‘विश्व विरासत स्थल’ घोषित किया है। माना जाता है कि अपने स्वर्ण काल में हंपी रोम जैसे शहर से भी अधिक समृद्ध था।
- पौराणिक संदर्भ
हंपी का इतिहास सतयुग से जुड़ा है। इसे पार्वती जी की तपस्थली अर्थात् पंपा क्षेत्र माना जाता है। त्रेता युग में यह वानर राज सुग्रीव की राजधानी ‘किष्किंधा’ के नाम से विख्यात था, जहाँ भगवान श्रीराम ने बालि का वध किया था।
- साम्राज्य की स्थापना और उत्थान
विजयनगर साम्राज्य की नींव 1336 ई. में हरिहर और बुक्का नामक दो भाइयों ने रखी थी। इस साम्राज्य के सबसे महान शासक महाराज कृष्णदेवराय (1509-1529 ई.) थे। उनके समय में यह साम्राज्य वर्तमान कर्नाटक, महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश तक फैला हुआ था। उन्होंने नगर की सुरक्षा के लिए चार पंक्तियों की किलेबंदी करवाई थी।
- प्रमुख स्मारक और वास्तुकला
हंपी अपनी इंडो-इस्लामिक और हिंदू वास्तुकला के अनूठे मेल के लिए जाना जाता है –
- कमल महल (Lotus Mahal) – यह राजकीय महिलाओं के आमोद-प्रमोद का स्थान था, जिसकी बनावट कमल के फूल जैसी है।
- रानी का स्नानागार – यह 15 वर्ग मीटर का एक विशाल स्नानागार है जिसमें पानी के लिए भूमिगत नालियों की व्यवस्था थी।
- हाथीघर (Elephant Stables) – यह राजकीय हाथियों के रहने का स्थान था, जो अपनी गुंबददार छतों के लिए प्रसिद्ध है।
- विरुपाक्ष मंदिर – 15वीं शताब्दी का यह मंदिर 50 मीटर ऊँचे शिखर के साथ हंपी का मुख्य आकर्षण है।
- विठाला मंदिर – यहाँ के ‘संगीतमय स्तंभ’ विश्व प्रसिद्ध हैं, जिन्हें थपथपाने पर संगीत के सात स्वर निकलते हैं। यहाँ ग्रेनाइट पत्थर से तराशा गया एक विशाल रथ भी स्थित है।
- हज़ारा राम मंदिर – यह राजा का निजी मंदिर था, जिसकी दीवारों पर रामायण के चित्र और सुंदर नक्काशी उकेरी गई है।
- पतन और वर्तमान स्वरूप
1529 ई. में कृष्णदेवराय की मृत्यु के बाद, 1565 ई. में दक्षिण के मुस्लिम सुल्तानों की संयुक्त सेनाओं ने इस वैभवशाली नगर पर आक्रमण कर इसे तहस-नहस कर दिया। आज हंपी के अवशेष और खंडहर भारत के गौरवशाली अतीत, कला और समृद्ध सभ्यता के जीते-जागते प्रमाण हैं।
मुख्य संदेश –
यह पाठ हमें अपनी प्राचीन सांस्कृतिक विरासत और वास्तुकला के प्रति गर्व करने तथा उसे संरक्षित करने की प्रेरणा देता है।
कठिन शब्दार्थ
1 अवशेष – बचा हुआ भाग / खंडहर Remains / Ruins
2 साम्राज्य – राजा का विस्तृत क्षेत्र Empire
3 विरासत – उत्तराधिकार में मिला Heritage / Legacy
4 मध्यकालीन – इतिहास का मध्य भाग Medieval
5 अतुलनीय – जिसकी तुलना न हो Incomparable
6 समृद्धिशाली – संपन्न / अमीर Prosperous
7 घोषित – ऐलान करना Declared / Announced
8 स्वदेशी – अपने देश का Indigenous / Native
9 पौराणिक – पुराणों से संबंधित Mythological
10 अंतर्गत – के अधीन / भीतर Under / Included
11 स्थापना – नींव रखना Establishment / Founding
12 शासक – राज करने वाला Ruler
13 पराजित – हारा हुआ Defeated
14 स्वर्णिम – सोने जैसा (शानदार) Golden
15 अद्वितीय – जिसके समान दूसरा न हो Unique / Peerless
16 वास्तुकला – भवन निर्माण कला Architecture
17 शृंखला – कतार / श्रेणी Series / Chain
18 मूर्तिकला – मूर्ति बनाने की कला Sculpture
19 पृथक – अलग Separate / Distinct
20 किलेबंदी – चारों ओर दीवार बनाना Fortification
21 मंत्रणागृह – गुप्त सभा का स्थान Council Chamber
22 देवालय – देवताओं का घर (मंदिर) Temple / Abode of God
23 प्रासाद – महल Palace
24 परकोटा – बाहरी सुरक्षा दीवार Rampart / Boundary wall
25 मेहराबदार – धनुष के आकार का Arched
26 झरोखेदार – खिड़कियों वाला Latticed / Ornate windows
27 सुसज्जित – सजा हुआ Decorated / Adorned
28 ज्यामितीय – रेखागणित संबंधी Geometric
29 संरचना – बनावट Structure
30 दोमंजिला – दो मंजिल वाला Double-storied
31 गुंबद – अर्धगोलाकार छत Dome
32 चैंबर – कमरा / कक्ष Chamber
33 स्तंभ – खंभा Pillar / Column
34 ग्रेनाइट – एक कठोर पत्थर Granite
35 नक्काशी – पत्थर पर खुदाई Carving / Engraving
36 सतयुग – पहला युग Golden Age (Satyuga)
37 तपस्या – साधना Penance / Austerity
38 निवास स्थान – रहने की जगह Residence / Dwelling
39 वध – हत्या (दुष्ट का अंत) Slaying / Assassination
40 ब्रह्ममुहूर्त – सुबह का समय Early morning (Pre-dawn)
41 प्रतिमा – मूरत Statue / Idol
42 पर्व – त्योहार Festival
43 धूमिल – धुंधला Faded / Blurred
44 निजी – अपना स्वयं का Private / Personal
45 असंख्य – अनगिनत Innumerable
46 तालुके – तहसील / प्रशासनिक खंड Administrative block (Taluka)
47 सूची – तालिका List
48 विशाल – बहुत बड़ा Massive / Huge
49 सैलानी – पर्यटक / यात्री Tourists
50 टीलों – मिट्टी के छोटे पहाड़ Mounds / Hillocks
51 शिखर – चोटी Peak / Spire
52 वाद्ययंत्र – बाजा Musical instrument
53 तराशकर – काट-छाँट कर Carved / Sculpted
54 अद्भुत – हैरान करने वाला Wonderful / Marvellous
55 आकर्षित – लुभाने वाला Attracted
56 सांस्कृतिक – संस्कृति संबंधी Cultural
57 प्रस्तुत – पेश करना Present
58 गौरव – अभिमान / मान Pride / Glory
59 सच्चाई – वास्तविकता Truth / Reality
60 स्वर्णिम – सुनहरा Golden
61 घोषित – ऐलानिया Announced
62 शैली – तरीका Style
63 विकास – प्रगति Development
64 हरन – चोरी (अपहरण) Abduction
65 प्रथम – पहला First
66 विस्तार – फैलाव Expansion
67 समर्थ – सक्षम Capable
68 पश्चात – बाद में Afterwards
69 सिंचाई – खेतों में पानी देना Irrigation
70 जलाशय – पानी का भंडार (तालाब) Reservoir / Water body
71 अद्भुत – अनोखा Extraordinary
72 छज्जों – बालकनी Balconies
73 स्नानागार – नहाने की जगह Bathing house
74 भूमिगत – ज़मीन के नीचे Underground
75 आमोद-प्रमोद – मनोरंजन Recreation / Amusement
76 आकर्षक – सुंदर Captivating
77 सिंहासन – राजा की गद्दी Throne
78 पराजित – हराना Defeat
79 नियंत्रण – काबू Control
80 घोषणा – सरकारी ऐलान Declaration
81 प्रोत्साहन – बढ़ावा देना Encouragement
82 आश्चर्य – अचंभा Wonder / Surprise
83 टुकड़ियों – सेना का छोटा भाग Contingents / Troops
84 उद्घोष – ऊँची आवाज़ में कहना Proclamation
85 सभ्यता – जीने का ढंग Civilization
मौखिक – 1. उच्चारण कीजिए –
अवशेष, खंडहरों, साम्राज्य, समृद्धिशाली, समक्ष, वास्तुकला, पृथक, श्रृंखला, क्षेत्र, किष्किंधा, बौद्ध विस्तार, अंतर्गत, स्मारकों, समर्थ, मंत्रणागृहों, सार्वजनिक, उद्यान, फव्वारों, सुसज्जित, संरचना, पर्यटकों, आकर्षित, नियंत्रण, विरुपाक्ष, निर्मित, प्रोत्साहन, ब्रह्ममुहूर्त, नृसिंह, नर्तकियों, दर्शाया, ज्यामितीय, गरुड़
अवशेष – Av-shesh
उद्यान – Ud-yaan
खंडहरों – Khan-d-ha-ron
फव्वारों – Fav-vaa-ron
साम्राज्य – Saam-raaj-ya
सुसज्जित – Su-saj-jit
समृद्धिशाली – Sam-rid-dhi-shaa-lee
संरचना – San-rach-naa
समक्ष – Sa-maksh
पर्यटकों – Par-ya-ta-kon
वास्तुकला – Vaas-tu-ka-laa
आकर्षित – Aa-kar-shit
पृथक – Pri-thak
नियंत्रण – Ni-yan-tran
श्रृंखला – Shring-kh-laa
विरुपाक्ष – Vi-ru-paaksh
क्षेत्र – Kshait-ra
निर्मित – Nir-mit
किष्किंधा – Kish-kin-dhaa
प्रोत्साहन – Prot-saa-han
बौद्ध – Bauddh
ब्रह्ममुहूर्त – Brah-ma-mu-hoort
विस्तार – Vis-taar
नृसिंह – Nri-sinh
अंतर्गत – An-tar-gat
नर्तकियों – Nar-ta-ki-yon
स्मारकों – Smaa-ra-kon
दर्शाया – Dar-shaa-yaa
समर्थ – Sa-marth
ज्यामितीय – Jyaa-mi-tee-ya
मंत्रणागृहों – Man-tra-naa-gri-hon
गरुड़ – Ga-rud
सार्वजनिक – Saar-va-ja-nik
- निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर बताइए-
(क) हंपी के अवशेषों को देखकर क्या पता चलता है?
उत्तर – हंपी के अवशेषों को देखकर यह सहज ही ज्ञात हो जाता है कि किसी समय यहाँ एक अत्यंत समृद्धिशाली और गौरवशाली सभ्यता निवास करती थी।
(ख) विजयनगर साम्राज्य की स्थापना किसने और कब की थी?
उत्तर – विजयनगर साम्राज्य की स्थापना हरिहर और बुक्का नामक दो भाइयों ने 1336 ई. में की थी।
(ग) राजा कृष्णदेव राय ने विजयनगर साम्राज्य का कहाँ तक विस्तार किया?
उत्तर – राजा कृष्णदेव राय के शासनकाल में विजयनगर साम्राज्य कर्नाटक, महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश के बड़े हिस्सों तक फैला हुआ था।
(घ) हंपी के हाथीघर की वास्तुकला कैसी है?
उत्तर – हंपी का हाथीघर हिंदू-मुस्लिम अर्थात् इंडो-इस्लामिक वास्तुकला का बेजोड़ नमूना है। इसमें विशाल गुंबद और आकर्षक मेहराब बने हुए हैं, जिसमें ग्यारह हाथियों के रहने के लिए अलग-अलग चैंबर हैं।
(ङ) विरुपाक्ष मंदिर के पूर्व और दक्षिण में क्या-क्या स्थित है?
उत्तर – विरुपाक्ष मंदिर के पूर्व में एक विशाल नंदी की मूर्ति स्थित है और दक्षिण की ओर भगवान गणेश की एक विशाल प्रतिमा है।
लिखित
सही विकल्प पर ✓ लगाइए-
(क) यूनेस्को ने ‘विश्व विरासत स्थलों’ की सूची में किसे शामिल किया है?
(i) विजयनगर साम्राज्य को
(ii) होज़पेट तालुके को
(iii) हंपी को ✓
(iv) कर्नाटक राज्य को
(ख) विदेशी यात्री ‘नूनीज़’ ने हम्पी नगर से संबधित किसका वर्णन किया है?
(i) प्रासाद और उद्यानों का
(ii) सिंचाई व्यवस्था और जलाशयों का ✓
(iii) झरोखेदार छज्जों का
(iv) मेहराबदार गलियारों का
(ग) हंपी के राजा का निजी मंदिर किसे माना जाता था ?
(i) विठाला मंदिर
(ii) विरुपाक्ष मंदिर
(iii) उग्र नरसिंह मंदिर
(iv) हज़ारा राम मंदिर ✓
- निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लिखिए-
(क) मध्यकालीन विजयनगर राज्य के खंडहर संसार के समक्ष क्या घोषित करते हैं?
उत्तर – मध्यकालीन विजयनगर राज्य के खंडहर संसार के समक्ष यह घोषित करते हैं कि यहाँ के स्वदेशी कलाकारों ने वास्तुकला, चित्रकला और मूर्तिकला की एक नई और विशिष्ट शैली विकसित की थी।
(ख) हंपी में पंपा स्थान से त्रेता युग की कौन सी कथा संबंधित है?
उत्तर – त्रेता युग में पंपा क्षेत्र को ‘किष्किंधा’ कहा जाता था। यहाँ श्री राम ने सीता माता की खोज के दौरान बालि का वध किया था और सुग्रीव से मित्रता की थी।
(ग) ‘कमल महल’ की संरचना किस प्रकार की है?
उत्तर – ‘कमल महल’ एक दोमंज़िला संरचना है जिसके रास्ते ज्यामितीय आकार में बने हैं और इसकी बनावट खिले हुए कमल की पंखुड़ियों जैसी है।
(घ) हंपी में स्थित रानी के स्नानागार का वर्णन कीजिए।
उत्तर – रानी का स्नानागार चारों ओर से बंद है। यह 15 वर्ग मीटर का है जिसमें गैलरी, बरामदा और राजस्थानी झरोखे हैं। इसमें पानी के लिए भूमिगत नालियों की व्यवस्था थी।
(ङ) रंगशाला में स्थित बड़े स्तंभों और उनके पास के सात-सात स्तंभों की क्या विशेषता है?
उत्तर – विठाला मंदिर की रंगशाला के इन स्तंभों की विशेषता यह है कि इन्हें थपथपाने से संगीत के सात स्वर निकलते हैं और प्रत्येक समूह अलग-अलग वाद्ययंत्रों की ध्वनि निकालता है।
अर्थग्रहण संबंधी प्रश्न
दिए गए गद्यांश को पढ़िए और पूछे गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए-
हंपी का लक्ष्मी नरसिंह मंदिर या उग्र नरसिंह मंदिर बड़ी चट्टानों से बना है। यहाँ अर्ध सिंह और अर्ध मनुष्य रूपधारी भगवान नृसिंह की 6.7 मीटर ऊँची मूर्ति है। मूर्ति के एक घुटने पर लक्ष्मी जी का चित्र बना है। यह चित्र विजयनगर साम्राज्य पर आक्रमण के कारण धूमिल हो गया है। ‘हज़ारा राम मंदिर’ हंपी के राजा का निजी मंदिर माना जाता था। मंदिर की भीतरी और बाहरी दीवारों पर सुंदर शिल्पकला दिखती है। बाहरी कमरों क छतों के ठीक नीचे नक्काशी में हाथी, घोड़ों, नर्तकियों और मार्च करती सेना की टुकड़ियों को दर्शाया गया है।
(क) बड़ी चट्टानों से कौन-सा मंदिर बना है?
उत्तर – बड़ी चट्टानों से लक्ष्मी नरसिंह मंदिर या उग्र नरसिंह मंदिर बना है।
(ख) 6.7 मीटर ऊँची मूर्ति किसकी है?
उत्तर – 6.7 मीटर ऊँची मूर्ति भगवान नृसिंह की है
(ग) विजयनगर साम्राज्य पर आक्रमण के कारण कौन सा चित्र धूमिल हो गया है?
उत्तर – विजयनगर साम्राज्य पर आक्रमण के कारण लक्ष्मी जी का चित्र जो नृसिंह भगवान के घुटने पर बना था, धूमिल हो गया है।
(घ) सुंदर शिल्पकला कहाँ दिखाई देती है?
उत्तर – सुंदर शिल्पकला हज़ारा राम मंदिर की भीतरी और बाहरी दीवारों पर दिखाई देती है।
(ङ) मार्च करती सेना की टुकड़ियों को कहाँ दर्शाया गया है?
उत्तर – बाहरी कमरों की छतों के ठीक नीचे नक्काशी में मार्च करती सेना की टुकड़ियों को दर्शाया गया है।
जीवन मूल्यपरक प्रश्न
हंपी के खंडहरों के विषय में जानना क्यों आवश्यक है?
उत्तर – हंपी के खंडहरों के विषय में जानना इसलिए आवश्यक है क्योंकि ये हमारी प्राचीन सांस्कृतिक विरासत, बेजोड़ शिल्पकला और पूर्वजों की समृद्धि के प्रतीक हैं। इन्हें जानकर हमें अपनी जड़ों और इतिहास पर गर्व करने की प्रेरणा मिलती है।
भाषा ज्ञान
- सही विकल्प पर ✓ लगाइए-
(क) ‘देवालय’ शब्द दो शब्दों से मिलकर बना है। वे दोनों शब्द कौन से हैं?
(i) दे + वालय
(ii) देवा + लय
(iii) देव + आलय ✓
(iv) देव + वलय
(ख) ‘इतिहास को लिखनेवाला’ के लिए एक शब्द क्या होगा ?
(i) इतिहासज्ञ
(ii) इतिहासकार ✓
(iii) ऐतिहासिक
(iv) इतिहासजनक
(ग) किस शब्द में ‘दार’ प्रत्यय का प्रयोग नहीं किया जाएगा?
(i) हवादार
(iii) झरोखेदार
(ii) मेहराबदार
(iv) स्नानदार ✓
- निम्नलिखित शब्दों से संज्ञा और विशेषण अलग करके लिखिए-
- संज्ञा – स्मारक, साम्राज्य, खंडहर, मेहराब, अवशेष, स्नानागार।
- विशेषण – अतुलनीय, सार्वजनिक, राजकीय, समृद्धिशाली, विशाल, बेजोड़।
- उचित परसर्ग लिखकर वाक्य पूरे कीजिए-
(क) विदेशी यात्री ‘नूनीज़’ ने यहाँ की सिंचाई व्यवस्था का वर्णन किया है।
(ख) हाथीघर का प्रयोग राजकीय हाथियों के लिए किया जाता था।
(ग) हंपी ने व्यापारिक मार्ग पर नियंत्रण के बाद बहुत उन्नति की है।
(घ) विजयनगर को मंदिरों का शहर भी कहा जाता है।
(ङ) इस साम्राज्य की सेना किसी भी आक्रमण सेइसकी रक्षा करने में समर्थ थी।
- निम्नलिखित क्रियाओं के प्रेरणार्थक रूप लिखिए-
(क) करना – कराना
(ख) चलना – चलाना
(ग) नहाना – नहलाना
(घ) खाना – खिलाना
(ङ) देना – दिलाना
(च) पकड़ना – पकड़वाना
- प्रत्यय लगाकर नए शब्द बनाइए-
(क) विकास + इत – विकसित
(ख) पराजय + इत – पराजित
(ग) संबंध + इत – संबंधित
(घ) आकर्षण + इत – आकर्षित
(ङ) सर्वजन + इक – सार्वजनिक
(च) व्यापार + इक – व्यापारिक
(छ) सप्ताह + इक – साप्ताहिक
(ज) इस्लाम + इक – इस्लामिक
- निम्नलिखित अनेक शब्दों के लिए एक शब्द लिखिए-
(क) पर्यटन करने आने वाले सैलानी / पर्यटक
(ख) अच्छी तरह सज्जित सुसज्जित
(ग) दो मंज़िल वाली दोमंज़िला
(घ) जिसका कोई जोड़ न हो बेजोड़
(ङ) भवन बनाने की कला वास्तुकला
रोचक क्रियाकलाप
- अपने इतिहास के शिक्षक महोदय की सहायता से विजयनगर साम्राज्य के प्रमुख राजाओं के विषय में जानकारी प्राप्त करके एक पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन बनाइए। – Integrated project
उत्तर – छात्र इसे अपने शिक्षक की सहायता से पूरा करें।
- यदि आप हंपी घूमने जाएँ तो वहाँ क्या-क्या देखना चाहेंगे और क्यों? एक अनुच्छेद लिखिए।
उत्तर – यदि मैं हंपी जाऊँ, तो सबसे पहले विठाला मंदिर के संगीतमय स्तंभों को देखना चाहूँगा ताकि मैं विज्ञान और कला के उस अनोखे संगम को महसूस कर सकूँ। इसके बाद मैं पत्थर से बने उस विशाल रथ और विरुपाक्ष मंदिर के ऊँचे शिखर को देखूँगा। मैं उस मिट्टी को स्पर्श करना चाहूँगा जहाँ हरिहर और बुक्का ने इतने विशाल साम्राज्य की नींव रखी थी।
- विद्यालय द्वारा हंपी जाने के लिए एक शैक्षिक यात्रा का आयोजन किया जा रहा है। नोटिस बोर्ड पर लगाने के लिए सूचना लिखिए।
उत्तर –
यह रहा आपके विद्यालय के सूचना पट्ट (Notice Board) के लिए एक औपचारिक सूचना प्रारूप –
सैंट ग्रेगोरियस पब्लिक स्कूल
सूचना
दिनांक – 14 फरवरी, 20XX
विषय – हंपी (कर्नाटक) के लिए शैक्षिक यात्रा का आयोजन
इस विद्यालय के कक्षा आठवीं से बारहवीं कक्षा के सभी विद्यार्थियों को सूचित किया जाता है कि विद्यालय के इतिहास विभाग द्वारा विजयनगर साम्राज्य के अवशेषों और सांस्कृतिक विरासत को प्रत्यक्ष रूप से समझने के लिए हंपी, कर्नाटक की एक शैक्षिक यात्रा आयोजित की जा रही है। इस यात्रा का विवरण निम्नलिखित है –
- यात्रा की तिथि – 10 मार्च, 2026 से 14 मार्च, 2026 तक
- पात्रता – कक्षा 8वीं से 12वीं तक के विद्यार्थी
- यात्रा शुल्क – ₹2500/- (जिसमें परिवहन, भोजन और आवास सम्मिलित है)
- पंजीकरण की अंतिम तिथि – 25 फरवरी, 2026
यात्रा के मुख्य आकर्षण –
- विरुपाक्ष मंदिर और विठाला मंदिर (संगीतमय स्तंभ)
- कमल महल और हाथीघर
- विजयनगर साम्राज्य का ऐतिहासिक संग्रहालय
जो विद्यार्थी इस यात्रा में जाने के इच्छुक हैं, वे अपने कक्षा अध्यापक से अभिभावक सहमति पत्र प्राप्त करें और निर्धारित शुल्क के साथ अपना नाम जमा कराएँ। अधिक जानकारी के लिए अधोहस्ताक्षरी से संपर्क करें।
रमेश चौधरी
सांस्कृतिक सचिव
गृहकार्य
पाठ के साथ शब्द- अर्थ दिए गए हैं। इनके अतिरिक्त जिन शब्दों का अर्थ आपको नहीं पता है उनकी सूची बनाइए और शब्दकोश से उनके अर्थ देखकर लिखिए।
छात्र इसे अपने स्तर पर करेंगे।

