Nagrota Ka Jaanbaaz (Veer Gatha) – Maj. Gen. Shiv Kumar Jaswal, Bhasha Mani, Class VI, The Best Solution

पाठ का सारांश

यह लेख शहीद मेजर अक्षय गिरीश की शहादत और उनकी वीरता को समर्पित है। उनकी माँ, श्रीमती मेघना गिरीश, ने अपने पुत्र के जीवन और नगरौटा आतंकी हमले के दौरान उनके बलिदान की गौरवगाथा साझा की है।

  1. नगरौटा का आतंकी हमला – 29 नवंबर 2016 को जम्मू-कश्मीर के नगरौटा कैंट पर ‘जैशे मुहम्मद’ नामक आतंकवादी संगठन ने हमला किया था। उस समय मेजर अक्षय गिरीश ‘क्विक रिस्पॉन्स टीम’ (QRT) का नेतृत्व कर रहे थे।
  2. वीरता और शहादत – मेजर अक्षय और उनकी टीम ने कैंटोनमेंट में रह रहे परिवारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अपनी जान की बाजी लगा दी। परिवारों को सुरक्षित निकालने के लिए वे घर के अंदर घुस गए, जहाँ उन्हें कई गोलियाँ लगीं और उन पर ग्रेनेड भी फेंका गया। उनके सफल नेतृत्व में तीनों आतंकवादी मारे गए और किसी भी नागरिक परिवार को कोई क्षति नहीं हुई। अक्षय और उनके तीन अन्य साथियों ने इस अभियान में शहादत दी।
  3. माँ की यादें और साहस – श्रीमती मेघना गिरीश बताती हैं कि अक्षय बचपन से ही निडर था। उन्हें अक्षय के साथ आधी रात को कॉफी पीना बहुत पसंद था। अक्षय हमेशा कहता था कि जो उपलब्धि पसीना और रक्त बहाकर मिलती है, उसका आनंद ही अलग होता है। वह अपने देश भारत की सेवा के लिए हमेशा समर्पित था।
  4. शहादत के बाद का सम्मान – अक्षय के बलिदान के बाद उनके परिवार को देशवासियों, सेना और अपरिचित लोगों से भी अपार प्रेम और सम्मान मिला, जिससे उन्हें स्वयं को संभालने की शक्ति मिली।
  5. सेना के सिद्धांत और माँ की इच्छा – सेना का मुख्य सिद्धांत “Service Before Self” स्वयं से पहले सेवा है। मेघना जी ने बताया कि 15 जनवरी को सेना दिवस मनाया जाता है, क्योंकि इसी दिन जनरल करियप्पा पहले भारतीय सेना प्रमुख बने थे। उनकी इच्छा है कि भारत में भी शहीदों की याद में एक ‘स्मरण दिवस’ मनाया जाए, जहाँ पूरा राष्ट्र कृतज्ञता के साथ अपनी श्रद्धांजलि अर्पित कर सके।

मुख्य संदेश –

सैनिक केवल युद्ध नहीं लड़ते, बल्कि हर परिस्थिति में देशवासियों की रक्षा करते हैं।

सच्ची वीरता अपने सपनों और परिवार को छोड़कर देश के लिए सर्वस्व न्योछावर करने में है।

राष्ट्र को अपने शहीदों के प्रति हमेशा कृतज्ञ रहना चाहिए।

 

कठिन शब्दार्थ

 1 जाँबाज़ – बहादुर / साहसी Brave / Daredevil

 2 शहादत – बलिदान Martyrdom

 3 आतंकवादी – दहशतगर्द Terrorist

 4 कैंट (कैंटोनमेंट) – सैन्य छावनी Cantonment

 5 संगठन – संस्था / समूह Organization

 6 आक्रमण – हमला Attack

 7 अभियान – मुहिम Campaign / Operation

 8 नेतृत्व – अगुआई Leadership

 9 क्षति – नुकसान Damage / Loss

 10 दागी गई – गोली चलाना Fired (shot)

 11 एक्शन – कार्यवाही Action / Operation

 12 ग्रेनेड – हाथगोला Hand grenade

 13 घायल – ज़ख्मी Injured / Wounded

 14 शहीद – जो देश के लिए जान दे Martyr

 15 सेना प्रमुख – मुख्य कमांडर Army Chief

 16 वीर गाथा – बहादुरी की कहानी Saga of bravery

 17 वार्ता – बातचीत Conversation

 18 निडर – जिससे डर न लगे Fearless

 19 मध्यरात्रि – आधी रात Midnight

 20 प्रयत्न – कोशिश Effort

 21 गर्व – अभिमान Pride

 22 अनहोनी – बुरा होने की आशंका Ill-fated incident

 23 अपूरणीय – जिसकी कमी पूरी न हो Irreparable

 24 स्वजन – अपने लोग Loved ones

 25 सामूहिक – मिल-जुलकर Collective

 26 उपलब्धि – प्राप्ति Achievement

 27 सर्वस्व – सब कुछ One’s all / Everything

 28 आकांक्षाएँ – इच्छाएँ Aspirations

 29 तत्पर – तैयार Ready / Prepared

 30 प्रसन्नता – खुशी Happiness / Joy

 31 सिद्धांत – नियम / आदर्श Principle / Doctrine

 32 त्याग – छोड़ना Sacrifice / Give up

 33 गौरवशाली – महिमापूर्ण Glorious

 34 मेमोरियल – स्मारक Memorial

 35 उल्लेख – जिक्र Mention

 36 वीरप्रसू – वीरों को जन्म देने वाली Mother of heroes

 37 न्योछावर – समर्पित Sacrificed / Dedicated

 38 कृतज्ञ – आभारी Grateful / Thankful

 39 श्रद्धांजलि – श्रद्धा अर्पित करना Tribute

 40 सम्मानित – आदर दिया गया Honored

 41 स्मरण – याद करना Remembrance

 42 मेडल – पदक Medal

 43 कृतज्ञ राष्ट्र – आभारी देश Grateful nation

 44 अर्पित – भेंट करना Offered

 45 गौरव – मान Glory

 46 सूचना – जानकारी Information / News

 47 समाचार – खबरें News

 48 समाप्त – खत्म Finished / Ended

 49 अवस्था – हालत Condition

 50 सुरक्षित – सलामत Safe / Secure

 51 पोस्टमार्टम – शव परीक्षण Post-mortem / Autopsy

 52 रक्त – खून Blood

 53 सहायता – मदद Help / Assistance

 54 वास्तव में – सचमुच In reality

 55 चुनौती – ललकार Challenge

 56 उपलब्ध – मौजूद Available

 57 उल्लेखनीय – खास Notable

 58 अवस्था – स्थिति State

 59 रिपोर्ट – विवरण Report

 60 महत्वपूर्ण – ज़रुरी Important

 61 अवसर – मौका Opportunity

 62 बचपन – बाल्यकाल Childhood

 63 पशु – जानवर Animal

 64 सूचना – रिपोर्ट Notice / Info

 65 टेलीविज़न – दूरदर्शन Television

 66 घायल – चोटिल Wounded

 67 देशवासी – वतन के लोग Countrymen

 68 स्थान – जगह Place

 69 उपलब्धि – गौरव Success

 70 इच्छा – चाह Desire

 71 पद – ओहदा Post / Position

 72 अतिरिक्त – इसके अलावा Extra / In addition

 73 प्रतीक – चिह्न Symbol

 74 पॉपी का फूल – एक प्रकार का फूल Poppy flower

 75 परंपराएँ – रिवाज Traditions

 76 जीवित – ज़िंदा Alive

 77 सफल – कामयाब Successful

 78 अवस्था – दशा Situation

 79 मिल-जुली – Collective

 80 युवा – नौजवान Youth

 

मौखिक – 1. उच्चारण कीजिए –

श्रीमती, अक्षय, सुरक्षित, रात्रि, पुत्र, क्षति, मित्र, रक्षा, कृतज्ञ, श्रद्धांजलि नेतृत्व, मृत्यु, कृतज्ञ हृदय, छुट्टियाँ, प्रसन्न, सम्मान, सच्ची, करियप्पा, उल्लेख

श्रीमती – Shree-ma-tee ‘Shree’ को लंबा खींचकर बोलें।

अक्षय – Ak-shay ‘क्ष’ के लिए ‘K’ और ‘Sh’ को मिलाकर बोलें।

पुत्र – Put-ra ‘त्र’ के लिए ‘T’ और ‘R’ को जोड़कर बोलें।

मित्र – Mit-ra इसे ‘Mit-tra’ की तरह उच्चारित करें।

रक्षा – Rak-shaa ‘क्ष’ की ध्वनि पर ध्यान दें।

मृत्यु – Mrit-yu ‘मृ’ को ‘Mri’ की तरह बोलें।

कृतज्ञ – Kri-tag-ya ‘ऋ’ के लिए ‘Kri’ और ‘ज्ञ’ के लिए ‘Gya’ बोलें।

श्रद्धांजलि – Shrad-dhaan-ja-li ‘श्र’ (Shra) और ‘द्ध’ (D-dha) का ध्यान रखें।

नेतृत्व – Nay-trit-va ‘तृ’ को ‘Tri’ और ‘त्व’ को ‘Tva’ बोलें।

कृतज्ञ हृदय – Kri-tag-ya Hri-day ‘हृ’ का उच्चारण ‘Hri’ की तरह करें।

छुट्टियाँ – Chhut-ti-yaan ‘याँ’ के लिए नाक से ध्वनि निकालें।

प्रसन्न – Pra-sann ‘न्न’ के लिए ‘N’ की ध्वनि को थोड़ा लंबा करें।

उल्लेख – Ul-laykh ‘ल्ल’ के लिए ‘L’ को दोहराएँ।

सुरक्षित – Su-rak-shit

रात्रि – Raat-ri

क्षति – Ksha-ti

सम्मान – Sam-maan

सच्ची – Sach-chee

करियप्पा – Ka-ri-yap-pa

 

  1. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर बताइए-

(क) मेघना जी ने अपने पुत्र की किस प्यारी याद के विषय में बताया?

उत्तर – मेघना जी ने बताया कि उनके पुत्र की प्यारी यादों में से एक है—मध्यरात्रि में उसके साथ बैठकर कॉफी पीना।

(ख) परिवारों को सुरक्षित निकालने के लिए मेजर अक्षय गिरीश ने क्या किया?

उत्तर – परिवारों को सुरक्षित निकालने के लिए मेजर अक्षय गिरीश घर के अंदर घुस गए थे। तभी उन्हें बहुत सी गोलियाँ लगीं। उनके ऊपर एक ग्रेनेड भी फेंका गया।

(ग) अपने साथियों के विषय में अक्षय गिरीश का क्या कहना था?

उत्तर – अपने साथियों के विषय में अक्षय का कहना था कि उसके सभी साथी उसका बहुत सम्मान करते हैं।

(घ) भारत में सेना दिवस कब मनाया जाता है?

उत्तर – भारत में सेना दिवस 15 जनवरी को मनाया जाता है।

 

लिखित

  1. सही उत्तर पर लगाइए-

(क) श्रीमती गिरीश ने अक्षय के किस गुण के विषय में बताया?

(i) वह डरता था।

(ii) उसे पशुओं से प्रेम था।

(iii) वह बहुत निडर था।

(iv) वह बहुत वीर था।

(ख) मेजर अक्षय गिरीश की मृत्यु कैसे हुई?

(i) गोली लगने से

(ii) ग्रेनेड फेंके जाने से

(iii) आक्रमण होने से

(iv) रक्त की कमी से

(ग) बचपन में अक्षय गिरीश अपनी किस इच्छा को बताते थे?

(i) देश-विदेश घूमने की

(ii) देश की सेवा करने की

(iii) मित्रों से मिलने की

(iv) सबका सम्मान करने की

  1. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लिखिए-

(क) श्रीमती मेघना गिरीश को किस बात का गर्व है?

उत्तर – श्रीमती मेघना गिरीश को इस बात का गर्व है कि उनके पुत्र के नेतृत्व में तीनों आतंकवादियों को मार गिराया गया और कैंटोनमेंट के परिवारों को कोई क्षति नहीं हुई।

(ख) टेलीविज़न के समाचारों से क्या सूचना मिल रही थी?

उत्तर – टेलीविज़न के समाचारों से यह सूचना मिल रही थी कि आतंकी एक्शन समाप्त हो गया है और तीनों आतंकवादी मारे जा चुके हैं।

(ग) पुत्र को खोने की अपूरणीयक्षति से सँभलने में श्रीमती मेघना गिरीश को किसने सहायता दी?

उत्तर – पुत्र को खोने की अपूरणीयक्षति से सँभलने में श्रीमती मेघना गिरीश को देशवासियों, सेना, स्वजनों और यहाँ तक कि अपरिचित लोगों द्वारा दिए गए सम्मान, सामूहिक शक्ति और प्रेम ने सँभलने में सहायता दी।

(घ) ‘नगरौटा के जाँबाज़’ पाठ में श्रीमती मेघना गिरीश ने अपनी क्या इच्छा बताई है?

उत्तर – श्रीमती मेघना गिरीश ने इच्छा जताई कि भारत में भी शहीदों की याद में एक ‘स्मरण दिवस’ मनाया जाना चाहिए।

  1. पाठ के आधार पर दिए हुए कथनों पर अथवा x लगाइए-

(क) नगरौटा कैंट पर आतंकवादी संगठन ने हमला किया था। ()

(ख) कैंटोनमेंट में रह रहे परिवारों को कोई क्षति नहीं हुई। ()

(ग) आक्रमण में कोई शहीद नहीं हुआ। (x) (मेजर अक्षय और तीन अन्य सैनिक शहीद हुए थे)।

(घ) सेना का सिद्धांत है service before self. ()

(ङ) सेना अपने सैनिकों का सम्मान करती है। ()

जीवन मूल्यपरक प्रश्न

पाठ में भारतीय सैनिकों की क्या-क्या विशेषताएँ बताई गई हैं?

उत्तर – पाठ के अनुसार भारतीय सैनिक निडर होते हैं और युद्ध के साथ-साथ देशवासियों की रक्षा भी करते हैं। वे ‘Service Before Self’ (स्वयं से पहले सेवा) के सिद्धांत पर चलते हैं और देश के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने को तत्पर रहते हैं।

भाषा ज्ञान

  1. सही उत्तर पर लगाइए-

(क) जो समाज में डर फैलाता है उसे क्या कहते हैं?

(i) डरावना

(ii) आतंकवादी

(iii) आतंकी

(iv) आतंकविरोधी

(ख) सामूहिक शब्द बना है?

(i) सा + मूहिक

(ii) सामू + हिक

(iii) समूह + इक

(iv) समूहि + क

(ग) दिए गए वर्ण विच्छेद से बनने वाला शब्द है-

अ + न् + अ + ह् + ओ + न् + ई

(i) अन्होनी

(ii) अनहीनो

(iii) अनोहनी

(iv) अनहोनी

 

  1. जानें – संज्ञा शब्दों के विषय में कुछ बताने वाले शब्दों को विशेषण कहते हैं।

दिए गए विशेषण और संज्ञा शब्दों के जोड़े बनाकर लिखिए-

  • (क) पहली गोली
  • (ख) तीनों आतंकवादी
  • (ग) गौरवशाली परंपराएँ
  • (घ) बहुत सम्मान
  • (ङ) महत्त्वपूर्ण एक्शन

 

  1. निम्नलिखित वाक्यों की क्रियाओं को पूरा कीजिए-
  • (क) हमें सूचना मिल रही थी
  • (ख) सभी आतंकवादी मारे गए थे
  • (ग) उन्हें निकाला नहीं जा सका
  • (घ) सभी शत्रुओं को मार गिराया गया
  • (ङ) हम एक महत्त्वपूर्ण एक्शन में भाग ले रहे हैं

 

  1. निम्नलिखित शब्दों के विलोम रूप लिखिए-
  • (क) निडर x डरपोक
  • (ख) सुरक्षित x असुरक्षित
  • (ग) सफल x विफल/असफल
  • (घ) समाप्त x आरंभ
  • (ङ) मृत्यु x जन्म
  • (च) अपना x पराया

 

  1. जानें – कुछ शब्दांश शब्दों से पहले जुड़कर नया शब्द बनाते हैं। इन्हें उपसर्ग कहते हैं।

दिए गए उपसर्गों और मूल शब्दों को जोड़कर नए शब्द बनाइए-

(क) सु + रक्षा = सुरक्षा

(ख) सु + पुत्र = सुपुत्र

(ग) सु + मंगल = सुमंगल

(घ) सु + शिक्षित = सुशिक्षित

(ङ) प्र + यत्न = प्रयत्न

(च) प्र + शासन = प्रशासन

(छ) प्र + गति = प्रगति

(ज) प्र + बल = प्रबल

 

रोचक क्रियाकलाप

  1. ‘मेरे जीवन का लक्ष्य’ विषय पर एक अनुच्छेद लिखिए।

मेरे जीवन का लक्ष्य एक भारतीय सैनिक बनकर अपने देश की सेवा करना है। मेजर अक्षय गिरीश की वीरतापूर्ण गाथा ने मुझे सिखाया है कि देश की रक्षा के लिए सर्वस्व न्योछावर करना ही सच्ची महानता है। मैं सेना के प्रमुख सिद्धांत ‘Service Before Self’ (स्वयं से पहले सेवा) को अपने जीवन का आधार बनाना चाहता हूँ। जिस प्रकार मेजर अक्षय ने कठिन परिस्थितियों में निडर रहकर नागरिकों की जान बचाई, मैं भी उसी साहस और ईमानदारी के साथ मातृभूमि का ऋण चुकाना चाहता हूँ। मेरा मानना है कि पसीना और रक्त बहाकर प्राप्त की गई उपलब्धि ही जीवन का सबसे बड़ा गौरव है।

  1. मेजर अक्षय गिरीश पर जानकारी एकत्र करके एक पावर पॉइंट प्रोग्राम बनाइए-

उत्तर – छात्र इसे अपने स्तर पर पूरा करेंगे।

  1. पाठ में टेलीविज़न पर आ रहे समाचार के विषय में बताया गया है। अपनी कल्पना से लिखिए कि समाचार वाचक क्या कह रहा होगा?

समाचारों में मेजर अक्षय गिरीश के सफल आतंकविरोधी अभियान के बारे में कुछ इस प्रकार बताया गया होगा –

“नमस्कार, आप देख रहे हैं आज की ताज़ा खबर। नगरौटा कैंट में भारतीय सेना का ‘सफल आतंकविरोधी अभियान’ अब समाप्त हो चुका है। हमारे ‘क्विक रिस्पॉन्स टीम’ के जाँबाज़ों ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए सभी तीनों आतंकवादियों को मार गिराया है। यह अभियान सफल रहा क्योंकि कैंटोनमेंट में रह रहे किसी भी परिवार को कोई ‘क्षति’ नहीं पहुँची है। हालाँकि, अत्यंत भारी मन से हमें यह सूचित करना पड़ रहा है कि मेजर अक्षय गिरीश और उनके तीन साथियों ने इस अभियान में अपनी ‘शहादत’ दी है। पूरा कृतज्ञ राष्ट्र उनकी वीरता और सर्वोच्च बलिदान को सलाम करता है।”

गृहकार्य

पाठ में बहुत से अंग्रेज़ी शब्दों का प्रयोग किया गया है। उन्हें छाँटकर एक सूची बनाइए।

कैंट (Cantt),

कॉफी (Coffee),

क्विक रिस्पॉन्स टीम (Quick Response Team),

टेलीविज़न (Television),

ग्रेनेड (Grenade),

पोस्टमार्टम (Post-mortem),

रिपोर्ट (Report),

मेमोरियल (Memorial),

मेडल (Medal)

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